1बपतिस्मे के बाद पवित्र आत्मा यीशु नै जंगल-बियाबान म्ह लेग्या, ताके शैतान4:1 शैतान ताहीं यूनानी भाषा इबलीस कहवै सै उस ताहीं परखै।
2वो चाळीस दिन अर चाळीस रात, बिना खाए पिए रह्या, फेर उसनै भूख लाग्गी।
3फेर शैतान नै धोरै आणकै उसतै कह्या, “जै तू परमेसवर का बेट्टा सै, तो कहकै साबित करदे, के ये पत्थर रोट्टी बण जावै, ताके तू इननै खा सकै।”
4यीशु नै जवाब दिया: “पवित्र ग्रन्थ म्ह लिख्या सै,
5फेर शैतान उसनै पवित्र नगर यरुशलेम म्ह लेग्या अर मन्दर की चोट्टी पै खड्या कर दिया।
6अर उसतै बोल्या, “जै तू परमेसवर का बेट्टा सै, तो अपणे-आपनै तळै गेर कै साबित कर। क्यूँके पवित्र ग्रन्थ म्ह लिख्या सै: वो तेरे बाबत अपणे सुर्गदूत्तां नै हुकम देगा, अर वे तन्नै हाथों हाथ उठा लेवैगें कदे इसा ना हो के तेरे पायां म्ह पत्थर तै ठेस लाग्गै।”
7यीशु नै उसतै कह्या, “यो भी पवित्र ग्रन्थ म्ह लिख्या सै, के ‘तू अपणे प्रभु परमेसवर नै ना परखै।’”
8फेर शैतान उसनै घणे ऊँच्चे पहाड़ पै लेग्या अर सारी दुनिया का राजपाट अर उसकी शानों-शोकत दिखाकै,
9उसतै बोल्या, “जै तू झुककै मेरी भगति करै, तो मै सारा किमे तन्नै दे दियुँगा।”
10फेर यीशु उसतै बोल्या, “हे शैतान दूर हो ज्या, पवित्र ग्रन्थ म्ह लिख्या सै: तू प्रभु अपणे परमेसवर की भगति कर, अर सिर्फ उस्से की सेवा करया कर।”
11फेर शैतान उसकै धोरै तै चल्या ग्या, अर देख्ये, सुर्गदूत आणकै उसकी सेवा करण लाग्गे।
12जिब उसनै न्यू सुण्या के यूहन्ना कैदी बणा लिया सै, तो वो यहूदिया परदेस तै लिकड़कै गलील परदेस म्ह चल्या ग्या।
13अर फेर वो गलील परदेस के नासरत नगर नै छोड़कै कफरनहूम नगर म्ह, जो गलील समुन्दर कै किनारे था, कफरनहूम उस क्षेत्र म्ह गलील के समुन्दरी तट पै था, जड़ै जबूलून अर नप्ताली के गोत्र के माणस रहवै थे।
14ताके जो यशायाह नबी कै जरिये कह्या गया था, वो पूरा हो
15“जबूलून अर नप्ताली जात्ति कै परदेस, गलील समुन्दर कै किनारे यरदन नदी के पार, गलील परदेस म्ह रहण आळे गैर यहूदी माणस”
16“जो माणस अन्धकार म्ह जीण लागरे थे, उननै तेज चान्दणा देख्या। वे उस जगहां म्ह जीण लागरे थे, जित्त हर घड़ी मौत का खतरा था, उनपै चान्दणा चमक्या।”
17उस बखत तै यीशु नै प्रचार करणा अर कहणा शरु करया, “पाप करणा छोड़ द्यो, क्यूँके सुर्ग का राज्य धोरै आया सै।”
18गलील परदेस म्ह गलील समुन्दर कै किनारे घूमदे होए उसनै दो भाईयाँ ताहीं शमौन जो पतरस कुह्वावै सै, अर उसके भाई अन्द्रियास ताहीं समुन्दर म्ह जाळ गेरते देख्या, क्यूँके वे मछवारे थे।
19यीशु नै उनतै कह्या, “मेरै पाच्छै आओ, मै थमनै माणसां ताहीं कठ्ठे करण आळे बणाऊँगा ताके वो मेरे चेल्लें बणे।”
20वे जिब्बे जाळां नै छोड़कै उसके चेल्लें बणण खात्तर उसकै पाच्छै हो लिये।
21ओड़ तै आग्गै चालकै, यीशु नै दो और भाईयाँ ताहीं यानी जब्दी के बेट्टे याकूब अर उसकै भाई यूहन्ना ताहीं देख्या। वे अपणे पिता जब्दी कै गैल किस्ती पै अपणे जाळां ताहीं ठीक करै थे। यीशु नै उन ताहीं भी बुला लिया।
22वे जिब्बे किस्ती अर अपणे पिता नै छोड़कै उसके चेल्लें बणण खात्तर उसकै पाच्छै हो लिये।
23यीशु सारे गलील परदेस म्ह फिरता होया उनकै आराधनालयाँ म्ह उपदेश सुणान्दा, अर राज्य का सुसमाचार सुणान्दा अर माणसां की हरेक ढाळ की बीमारी अर कमजोरियाँ नै दूर करदा रह्या।
24अर सारे सीरिया4:24 गलील परदेस के उत्तर दिशा म्ह सै परदेस म्ह उसका यश फैलग्या, अर माणस सारे बिमारां नै, जो कई ढाळ की बिमारियाँ अर दुखां तै जकड़े होए थे, जिन म्ह भुंडी आत्मा थी, अर मिर्घी आळे अर लकवे के रोग्गी नै उसकै धोरै ल्याए उसनै उन ताहीं ठीक करया।
25अर गलील परदेस, दिकापुलिस नगर, यरुशलेम नगर, यहूदिया परदेस अर यरदन नदी कै पार तै भीड़ की भीड़ उसकै पाच्छै हो ली